जीभ पर जमी सफेद लेयर White coating on the tongue

जीभ पर जमी सफेद लेयर:क्या यह बीमारी का संकेत, ऐसा 7 कारणों से होता है, डॉक्टर से जानें बचाव के तरीके व सावधानियां

आपने देखा होगा कि कुछ लोगों की जीभ के ऊपरी हिस्से पर एक सफेद लेयर जम जाती है। आमतौर पर ऐसा खराब ओरल हाइजीन के कारण होता है। जीभ का सफेद होना एक कॉमन प्रॉब्लम है, लेकिन कई बार यह किसी गंभीर समस्या का संकेत भी हो सकता है। अक्सर यह सफेद लेयर सांसों की बदबू का कारण बन सकती है। इसलिए इसे बिल्कुल भी नजरअंदाज नहीं करना चाहिए।

सफेद जीभ ओरल लाइकेन प्लेनस (OLP), बेशेट्स (स्किन डिजीज), सोरायसिस, ओरल इन्फेक्शन, पेम्फिगस (ऑटोइम्यून स्किन डिजीज) और कैंसर जैसी कई गंभीर बीमारियों का संकेत हो सकती है।

इसलिए आज सेहतनामा में हम जीभ पर जमने वाली सफेद लेयर के बारे में बात करेंगे। साथ ही जानेंगे कि-

  • सफेद जीभ किन बीमारियों का संकेत हो सकती है?
  • इससे कैसे बचा जा सकता है?
  • जीभ पर सफेद लेयर जमने का कारण

    जीभ पर सफेद लेयर जमने के कई कारण हो सकते हैं। रात को सोते समय जो लोग खुले मुंह से सांस लेते हैं, उनके मुंह में कम लार बन पाती है। इससे जीभ पर सफेद परत जम सकती है। ज्यादा मसालेदार, तला-भुना या फैटी फूड्स खाने से भी जीभ पर सफेद लेयर बन सकती है।

    वहीं अगर दांत और जीभ को ठीक से साफ नहीं किया जाता तो उस पर बैक्टीरिया और फूड पार्टिकल्स जमा हो सकते हैं, जो सफेद लेयर का कारण बन सकते हैं। इसके अलावा कुछ बीमारियां जैसे डायबिटीज, लिवर डिजीज, अस्थमा, किडनी डिजीज या पाचन से संबंधित समस्याएं भी सफेद लेयर का कारण बन सकती हैं। जीभ पर सफेद लेयर जमने के कुछ और भी मुख्य कारण हैं।

  • बुखार या डीहाइड्रेशन के कारण  पोषक तत्वों की कमी के कारण  स्मोकिंग और ड्रिंक करने के कारण  किसी गंभीर बिमारी के कारण 

    जीभ की सफेद लेयर का बीमारियों से कनेक्शन

    जीभ पर जमी सफेद लेयर खराब ओरल हाइजीन के अलावा कई अन्य बीमारियों से जुड़ी हो सकती है। इससे मुंह में फंगल इन्फेक्शन (थ्रश) हो सकता है। ये इन्फेक्शन कैंडिडा नामक यीस्ट (फंगस) के कारण होता है। इसमें जीभ पर सफेद परत बन जाती है, जो धीरे-धीरे फैलने लगती है।

    पाचन तंत्र में खराबी या शरीर में आयरन की कमी के कारण भी जीभ पर सफेद परत दिखाई दे सकती है। इसके अलावा अगर जीभ पर सफेद परत लंबे समय तक बनी रहती है और उसमें दर्द या घाव जैसे लक्षण दिख रहे हैं तो यह ओरल कैंसर का संकेत हो सकता है। जीभ पर जमी सफेद लेयर कई अन्य बीमारियों का भी संकेत हाे सकती है।  जैसे: कमजोर इम्यून सिस्टम, एनीमिया, सोरायसिस, सिफलिस (STI), ओरल थ्रश (एक तरह का फंगल इन्फेक्शन), ल्यूकोप्लाकिया (जीभ पर सफ़ेद धब्बे होना), पेम्फिगस (आटोइम्यून स्किन डिजीज), ओरल लाइकेन प्लेनस या OLP (मुँह का अल्सर), पाचन तंत्र संबंधी समस्याएं, बैक्टीरियल इन्फेक्शन  

    जीभ पर सफेद लेयर जम जाए तो क्या करें

    आमतौर पर जीभ पर जमी सफेद लेयर नियमित साफ-सफाई करने से हट जाती है। लेकिन अगर यह लंबे समय तक बनी रहती है तो डॉक्टर से सलाह लेनी जरूरी है। सफेद जीभ का इलाज लक्षणों और कारणों के आधार पर अलग-अलग तरह से किया जाता है।

    अगर जीभ पर ओरल लाइकेन प्लेनस से जुड़े कोई दाने हैं, जो ठीक नहीं हो रहे हैं तो डॉक्टर माउथवॉश, एंटीफंगल स्प्रे और कुछ दवाएं देते हैं। कई बार सफेद लेयर कैंसर का कारण बन जाती है। डॉक्टर उसे हटाने के लिए स्केलपेल, लेजर सर्जरी या क्रायोथेरेपी के जरिए इसका इलाज करते हैं।

    सफेद लेयर न जमे, इसके लिए क्या करें

    व्हाइट टंग की समस्या से बचने के लिए कुछ आसान उपायों को अपनी दिनचर्या में शामिल करना जरूरी है। ये उपाय न सिर्फ जीभ पर सफेद लेयर जमने से रोकने में मदद करेंगे, बल्कि मुंह के हाइजीन को भी मेंटेन रखेंगे।  ओरल हाइजीन नियमित रूप से मेंटेन रखें  दिन भर में कम से कम 7-8 गिलास पानी पियें  अपनी डाइट में फल सब्जियां शामिल करें  हर रोज कम से कम दो बार ब्रश करें  जीभ साफ़ करने के लिए अच्छे टंग क्लीनर का इस्तेमाल करें  कुछ भी खाने पीने के बाद अच्छे से कुल्ला करें  स्मोकिंग ड्रिंकिंग और तम्बाकू के सेवन से बचें  शुगर, एसिडिक फूड्स और शुगरी ड्रिंक्स की मात्रा कम करें 

    जीभ पर सफेद लेयर से जुड़े कॉमन सवाल-जवाब

    क्या जीभ पर जमी सफेद लेयर का संबंध पाचन तंत्र से है?  दिल्ली के श्री बालाजी एक्शन मेडिकल इंस्टीट्यूट के डेंटिस्ट डॉ. पुनीत आहूजा बताते हैं कि डाइजेस्टिव सिस्टम में होने वाली किसी भी समस्या का प्रभाव मुंह और जीभ पर भी पड़ता है। अगर पेट में एसिड का ज्यादा प्रोडक्शन हो रहा है तो यह मुंह में जलन, सूखापन और जीभ की सफेदी का कारण बन सकता है। एसिडिटी, गैस्ट्राइटिस और अल्सर जैसी कंडीशन में भी जीभ सफेद हो सकती है।

    क्या सफेद जीभ का मतलब है कि आप बीमार हैं? डॉ. पुनीत आहूजा बताते हैं कि ऐसा जरूरी नहीं है। लेकिन सफेद जीभ का मतलब है कि आपको अपने ओरल हाइजीन या ओवरऑल हेल्थ पर ध्यान देने की जरूरत है।

    डॉक्टर से कब संपर्क करना चाहिए? आमतौर पर जीभ पर सफेद लेयर अस्थायी होती है। इसके लिए आपको कुछ दिनों तक इंतजार करना चाहिए और देखना चाहिए कि यह ठीक हो रहा है या नहीं। अगर सफेद जीभ कुछ हफ्तों के बाद भी सामान्य रंग में नहीं आती है तो डेंटिस्ट को दिखाएं।

    जीभ पर जमी सफेद लेयर न हटाएं तो क्या होगा? इसके इलाज के बिना आपकी जीभ पर जमने वाले बैक्टीरिया और गंदगी से मसूड़ों की बीमारी हो सकती है। इन्फेक्शन आपके शरीर के अन्य भागों में भी फैल सकता है। इसके अलावा ल्यूकोप्लाकिया से जुड़े सफेद धब्बे मुंह के कैंसर का रूप ले सकते हैं।

    क्या जीभ से सफेद लेयर हटाने के लिए कोई घरेलू उपचार भी है? हां, कुछ घरेलू उपचार जीभ की सफेदी को कम कर सकते हैं। जैसेकि- गुनगुने पानी में नमक डालकर कुल्ला करें। जीभ की अच्छे से सफाई के लिए टंग क्लीनर का इस्तेमाल करें। प्रोबायोटिक फूड जैसे छाछ, दही खाएं। इससे मुंह में हेल्दी बैक्टीरिया बनते हैं। एक चम्मच हल्दी पाउडर में नींबू का रस डालकर पेस्ट को जीभ पर लगाकर कुछ देर रगड़ें। उसके बाद गुनगुने पानी से कुल्ला कर लें।

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